शिवनगर वार्ड की ‘विकास गंगा’ में सड़कें डूबीं, बदहाली में जी रहे लोग
घर से निकलते ही पानी में उतरने की मजबूरी, टूटी नालियां और गड्ढेदार सड़कें बनीं पहचान
नमस्कार- आप देख रहे हैं PMNews18 और मैं लेकर आया हूं महराजगंज नगर पालिका परिषद के शिवनगर वार्ड की जमीनी हकीकत!
आखिर शिवनगर वार्ड की जनता को बुनियादी सुविधाएं कब मिलेंगी, शिकायतों के बाद भी समस्याओं का समाधान क्यों नहीं हो रहा और जब नागरिक टैक्स दे रहे हैं, तो उन्हें बेहतर सड़क, सफाई और जलनिकासी जैसी सुविधाएं क्यों नहीं मिल पा रही हैं
वार्ड में उपचुनाव होने जा रहा है। ऐसे में जनता का सवाल साफ है—हमें आश्वासन नहीं, धरातल पर विकास चाहिए!
आइए, कैमरे के जरिए दिखाते हैं शिवनगर वार्ड की जमीनी तस्वीर और जानते हैं कि आखिर यहां के लोग किन समस्याओं से जूझ रहे हैं।
देखिए हमारी यह ग्राउंड रिपोर्ट, शिवनगर वार्ड से सीधे जनता के बीच
महराजगंज। नगर पालिका परिषद महराजगंज के शिवनगर वार्ड में विकास की जमीनी हकीकत कुछ ऐसी है कि घर से बाहर निकलने के लिए भी लोगों को पानी में उतरना पड़ता है।
टूटी नालियां, जलभराव और गड्ढों में तब्दील सड़कें वार्ड की बदहाल व्यवस्था की तस्वीर बयां कर रही हैं। एक तरफ वार्ड में उपचुनाव का माहौल है, तो दूसरी तरफ स्थानीय लोग बुनियादी सुविधाओं के लिए परेशान हैं।
चुनावी माहौल में जनता का सवाल—आखिर विकास कहां है
शिवनगर वार्ड में उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज है। ऐसे में जनता विकास के नाम पर वोट देने की बात कर रही है, लेकिन वार्ड की मौजूदा स्थिति कई सवाल खड़े कर रही है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, बरसात के दिनों में घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। सड़क पर पानी भर जाने से आवागमन प्रभावित होता है, वहीं टूटी नालियों के कारण जलनिकासी की समस्या भी बनी रहती है।
शिकायतों के बाद भी समाधान का इंतजार
स्थानीय लोगों का कहना है कि वार्ड की समस्याओं को लेकर नगर पालिका के कर्मचारियों से कई बार शिकायत की जाती है, लेकिन उन्हें कथित तौर पर केवल आश्वासन देकर टाल दिया जाता है। लोगों का सवाल है कि जब समस्याओं की जानकारी जिम्मेदारों को है, तो फिर स्थायी समाधान क्यों नहीं हो रहा?
टैक्स वसूली पर सवाल, सुविधाओं का इंतजार
नगर पालिका क्षेत्र में रहने वाले नागरिकों से सफाई, जलनिकासी और अन्य नागरिक सुविधाओं के लिए विभिन्न प्रकार के कर वसूले जाते हैं। स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि टैक्स की वसूली बढ़ी है, लेकिन उसके अनुरूप सुविधाएं धरातल पर दिखाई नहीं दे रही हैं। हालांकि, टैक्स में वृद्धि और वसूली से जुड़े दावों की आधिकारिक पुष्टि आवश्यक है।
नागरिकों की अपेक्षा है कि उन्हें बेहतर सफाई व्यवस्था, शुद्ध पेयजल, सुचारु जलनिकासी, अच्छी सड़कें और सरकारी योजनाओं के तहत पात्र लोगों को आवास जैसी बुनियादी सुविधाएं मिलें। लेकिन शिवनगर वार्ड की मौजूदा तस्वीर इन अपेक्षाओं पर सवाल खड़े करती है।
उपचुनाव में विकास बनेगा सबसे बड़ा मुद्दा
अब सवाल यह है कि क्या उपचुनाव के दौरान शिवनगर वार्ड की इन समस्याओं पर गंभीरता से ध्यान दिया जाएगा, क्या जनता को सिर्फ आश्वासन मिलेंगे या फिर टूटी नालियों की मरम्मत, जलभराव से मुक्ति और सड़कों के निर्माण की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे
शिवनगर वार्ड की जनता को वादे नहीं, धरातल पर विकास चाहिए। चुनाव के इस माहौल में स्थानीय लोगों की समस्याओं का समाधान और जिम्मेदारों की जवाबदेही सबसे अहम मुद्दा बनकर सामने आ रही है।
PM News 18 Hindi News Website

